LIVE UPDATE

CM भूपेश का बड़ा ऐलान! सिकल सेल संस्थान बनेगा सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, सभी जिलों में खुलेंगे सिकलसेल जांच एवं परामर्श केन्द्र…स्कूलों में होगी खून की जांच

स्वास्थ्य विभाग के सिकल सेल संस्थान को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा। ब्लड ट्रांसफ्यूजन, स्टेम सेल थेरेपी और हिमोग्लोबिनोपैथी जैसी सुविधाएं वहां उपलब्ध होंगी। आज रायपुर के नवीन विश्रामभवन में आयोजित विश्व सिकल सेल दिवस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसकी घोषणा की।

कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंहदेव ने प्रदेश के सभी जिलों में नवीन सिकल सेल जांच एवं परामर्श केन्द्र शुरू करने की घोषणा की। जिला अस्पतालों से संबद्ध इन केन्द्रों में सिकल सेल पीड़ितों को जांच एवं परामर्श की सुविधा मिलेगी। विधायक धनेन्द्र साहू, कुलदीप जुनेजा और गुलाब सिंह कमरो कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।

ये खबर भी पढ़ें…
Cruise Incident: मां के सीने से लिपटे मासूम का आखिरी सफर, क्रूज हादसे का सबसे दर्दनाक मंजर, तस्वीर देख छलक उठेंगी आंखें
Cruise Incident: मां के सीने से लिपटे मासूम का आखिरी सफर, क्रूज हादसे का सबसे दर्दनाक मंजर, तस्वीर देख छलक उठेंगी आंखें
May 1, 2026
Jabalpur Cruise Incident: मध्य प्रदेश की संस्कारधानी जबलपुर में गुरुवार शाम बरगी डैम पर हुआ दर्दनाक क्रूज हादसा पूरे देश...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने विश्व सिकल सेल दिवस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि सिकल सेल एक चुनौती के रूप में छत्तीसगढ़ में भी मौजूद है। इनके अधिकांश वाहकों को स्वयं पता नहीं होता कि वे आनुवांशिक रूप से इस रोग से प्रभावित हैं। जागरूकता और जानकारी के अभाव में सिकल सेल से पीड़ित लोग तकलीफदेह जिंदगी जीते हैं। बचपन में ही बीमारी की पहचान होने से उचित प्रबंधन, खान-पान, सही जीवन शैली और उपचार से वे सामान्य और आरामदायक जिंदगी जी सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सिकल सेल पीड़ितों और इसके वाहकों का पता लगाने के लिए सभी लोगों के खून की जांच की जानी चाहिए। लगातार अनुसंधानों के बाद भी इस बीमारी का इलाज नहीं खोजा जा सका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ऐसे संस्थान स्थापित किए जाने चाहिए जो इस पर शोध करें और इसका उपचार ढूंढे। सरकार इसके लिए सभी संसाधन मुहैया कराएगी। सिकल सेल का पता लगाने स्कूलों में अनिवार्य रूप से बच्चों के खून की जांच की जानी चाहिए।

ये खबर भी पढ़ें…
देशभर में गूंजा मोबाइल अलर्ट सायरन, जानिये सरकार ने इमरजेंसी अलर्ट क्यों किया जारी…
देशभर में गूंजा मोबाइल अलर्ट सायरन, जानिये सरकार ने इमरजेंसी अलर्ट क्यों किया जारी…
May 2, 2026
रायपुर, 2 मई 2026. National Disaster Management Authority (NDMA) द्वारा शनिवार 2 मई 2026 को देशभर में एक बड़ा इमरजेंसी...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

स्वास्थ्य मंत्री टी.एस. सिंहदेव ने कार्यक्रम में कहा कि भावी पीढ़ी को सिकल सेल से बचाने के लिए जानकारी और जागरूकता जरूरी है। विवाह के पूर्व वर-वधू को अपने रक्त की जांच जरूर करवाना चाहिए। सिकल सेल वाहक लड़के-लड़कियों की शादी आपस में नहीं होनी चाहिए। यह एक आनुवांशिक बीमारी है। इस बीमारी से पीड़ित माता-पिता से ही यह अगली पीढ़ी तक पहुंचती है। छत्तीसगढ़ में सिकल सेल को रोकने सभी जरूरी कदम उठाए जाएंगे। सरकार इसके लिए उच्च स्तरीय संस्थान स्थापित करने की पहल कर रही है।

स्वास्थ्य विभाग की संस्था सिकल सेल संस्थान, छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित विश्व सिकल सेल दिवस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने सिकल सेल के प्रति लोगों को जागरूक करने उत्कृष्ट कार्य करने वाले व्यक्तियों एवं संस्थाओं को सम्मानित किया। डॉ. ए.टी.के. दाबके, जन स्वास्थ्य सहयोग संस्था गनियारी, बिलासपुर, सीनियर सिटीजन वेलफेयर फोरम रायपुर और विश्व स्वास्थ्य संगठन की रायपुर इकाई को इसके लिए सम्मानित किया गया।

ये खबर भी पढ़ें…
CBSE Class 12 Result 2026; CBSE 12वीं बोर्ड रिजल्ट जारी, 85.20% स्टूडेंट्स हुए पास, यहां देखें अपना स्कोर
CBSE Class 12 Result 2026; CBSE 12वीं बोर्ड रिजल्ट जारी, 85.20% स्टूडेंट्स हुए पास, यहां देखें अपना स्कोर
May 13, 2026
नई दिल्ली, 13 मई 2026। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने 12वीं बोर्ड परीक्षा 2026 का रिजल्ट...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

उन्होंने सिकल सेल से पीड़ित होने के बावजूद उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल करने वाले छात्र-छात्राओं को भी सम्मानित किया। लंबे समय से सिकल सेल से पीड़ित होने के बाद भी सामान्य जीवन जी रहे लोगों का भी इस मौके पर सम्मान किया गया।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री एवं अन्य अतिथियों ने सिकल सेल के प्रति लोगों को जागरूक करने सिकल सेल संस्थान द्वारा तैयार किए गए पोस्टर, ब्रोशर और पुस्तिका का विमोचन किया।

इस दौरान मुख्यमंत्री के संदेश ‘मुखिया की पाती’ का वाचन भी किया गया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग की सचिव निहारिका बारिक सिंह, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की संचालक डॉ. प्रियंका शुक्ला, संचालक चिकित्सा शिक्षा डॉ. एस.एल. आदिले, आयुष विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. ए.के. चन्द्राकर, पूर्व कुलपति डॉ. ए.टी.के. दाबके, सिकल सेल संस्थान के महानिदेशक डॉ. अरविंद नेरल तथा रायपुर के कलेक्टर डॉ. एस. भारतीदासन सहित अनेक डॉक्टर और गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद थे।

Related Articles