CG में सियासी हलचल: बृहस्पति सिंह की कांग्रेस में वापसी पर अमरजीत भगत का बड़ा संकेत, बोले- ‘जटिल’ मामलों पर भी विचार करेगी अनुशासन समिति

अंबिकापुर। कांग्रेस से निष्कासित पूर्व विधायक बृहस्पति सिंह की पार्टी में वापसी को लेकर चल रही अटकलों के बीच पूर्व कैबिनेट मंत्री अमरजीत भगत के बयान ने सियासी हलचल बढ़ा दी है। भगत ने बृहस्पति सिंह का नाम लिए बिना कहा कि “जो जटिल थे, उन्हें भी कांग्रेस में वापस लाने पर अनुशासन समिति विचार करेगी।” उनके इस बयान को बृहस्पति सिंह की संभावित वापसी से जोड़कर देखा जा रहा है।
अमरजीत भगत ने बृहस्पति सिंह को धैर्य रखने और बयानबाजी से बचने की नसीहत दी। उन्होंने कहा कि उन्हें कांग्रेस के झंडे के नीचे खड़े रहना चाहिए। भगत के मुताबिक कांग्रेस की अनुशासन समिति पहले भी कई निष्कासित नेताओं को पार्टी में वापस ला चुकी है और आगे भी ऐसे मामलों पर विचार किया जाएगा।
भगत के इस बयान के बाद कांग्रेस के भीतर बृहस्पति सिंह की वापसी को लेकर चर्चाएं फिर तेज हो गई हैं। हालांकि, उन्होंने सीधे तौर पर बृहस्पति सिंह का नाम लेकर वापसी की पुष्टि नहीं की है।
सिंहदेव से विवाद के बाद कांग्रेस ने किया था निष्कासन
बृहस्पति सिंह को पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव के साथ हुए अंदरूनी विवाद और सिंहदेव को लेकर की गई टिप्पणियों के बाद कांग्रेस से निष्कासित किया गया था। इसके अलावा विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस प्रत्याशी अजय तिर्की के खिलाफ काम करने के आरोप भी उन पर लगे थे।
इन घटनाओं के बाद पार्टी ने उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की थी और उन्हें कांग्रेस से बाहर कर दिया गया था।
अनुशासन समिति में नाम पर चर्चा नहीं, फिर क्यों उठे सवाल?
पिछले दिनों कांग्रेस ने पार्टी से निष्कासित कुछ नेताओं को दोबारा संगठन में शामिल किया है। हालांकि बृहस्पति सिंह समेत कुछ अन्य नेताओं की वापसी पर सहमति नहीं बन सकी।
बताया जा रहा है कि अनुशासन समिति की पिछली बैठक में बृहस्पति सिंह के नाम पर चर्चा तक नहीं हुई। ऐसे में अमरजीत भगत के ‘जटिल’ मामलों को लेकर दिए गए बयान ने नई राजनीतिक चर्चा को जन्म दे दिया है।
अब सवाल यही है कि क्या कांग्रेस नेतृत्व आने वाले दिनों में बृहस्पति सिंह की वापसी पर विचार करेगा, या फिर पार्टी से उनका निष्कासन बरकरार रहेगा? फिलहाल भगत के बयान ने इस पूरे मामले को एक बार फिर सियासी चर्चा के केंद्र में ला दिया है।
