‘यह संविधान बचाने की लड़ाई…’, महारैली से पहले राहुल बोले-दूसरे राज्यों से आ रहे लोगों को रोका जा रहा

नई दिल्ली, 30 अक्टूबर 2026। दिल्ली के रामलीला मैदान में 1 नवंबर को होने वाली INDIA गठबंधन की महारैली से पहले सियासी टकराव तेज हो गया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि दूसरे राज्यों से दिल्ली आने वाले लोगों को रोकने की कोशिश की जा रही है। राहुल ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, तेलंगाना और पंजाब समेत कई राज्यों से कांग्रेस कार्यकर्ताओं और आम लोगों को दिल्ली पहुंचने से रोकने के प्रयास किए जा रहे हैं।
राहुल गांधी ने कहा कि 1 नवंबर को रामलीला मैदान तक मार्च निकाला जाएगा। यह किसी एक राजनीतिक दल का कार्यक्रम नहीं, बल्कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए विपक्ष का साझा प्रदर्शन होगा। उन्होंने राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं के साथ सामाजिक कार्यकर्ताओं, छात्रों, नागरिक समाज के सदस्यों, पत्रकारों और आम लोगों से भी इसमें शामिल होने की अपील की।
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में चुनाव आयोग की टीम लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि लोगों के मताधिकार पर हमला हो रहा है और इसी के विरोध में पूरा विपक्ष एक साथ खड़ा हुआ है।
‘रामलीला मैदान में दिखेगा लोगों का गुस्सा’
राहुल गांधी ने कहा कि रामलीला मैदान में कितने लोग पहुंचते हैं और उन्हें रोकने के लिए कितनी कोशिशें होती हैं, इससे देश की मौजूदा राजनीतिक स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकेगा। उनके मुताबिक, लोगों में इस बात को लेकर भारी नाराजगी है कि उनके अधिकार छीने जा रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ चुनिंदा उद्योगपतियों और सत्ता में बैठे लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए जनता के वोट की ताकत कमजोर की जा रही है। राहुल ने कहा कि यह अलग-अलग विरोध प्रदर्शन नहीं, बल्कि संविधान और लोकतंत्र को बचाने की एक साझा लड़ाई है।
ज्ञानेश कुमार के खिलाफ ‘जनता की अदालत’ में महाभियोग जैसा कार्यक्रम
INDIA गठबंधन ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ भी विरोध का कार्यक्रम तय किया है। विपक्ष ने इसे ‘जनता की अदालत में महाभियोग’ नाम दिया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर प्रस्तावित इस कार्यक्रम में विपक्षी दलों के नेता ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अपने आरोप और पक्ष रखेंगे।
विपक्ष का आरोप है कि चुनाव आयोग ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) सहित कई मुद्दों पर निष्पक्षता नहीं बरती है। इसी को लेकर गठबंधन ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग कर रहा है। हालांकि, यह संवैधानिक प्रक्रिया के तहत संसद में होने वाला औपचारिक महाभियोग नहीं, बल्कि विपक्ष का प्रतीकात्मक राजनीतिक कार्यक्रम है।
दिल्ली के बाद पंजाब में राहुल की इंसाफ रैली
दिल्ली के शक्ति प्रदर्शन के तीन दिन बाद राहुल गांधी पंजाब के संगरूर में कांग्रेस की ‘इंसाफ रैली’ को संबोधित करेंगे। यह कार्यक्रम 4 नवंबर को प्रस्तावित है। पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष परगट सिंह के मुताबिक, रैली में एक लाख से अधिक लोगों को जुटाने का लक्ष्य रखा गया है।
कांग्रेस इस रैली में पंजाब के अधिकारों, किसानों की समस्याओं, बेरोजगारी, नशे और कानून-व्यवस्था के मुद्दे उठाने की तैयारी कर रही है। संगरूर मुख्यमंत्री भगवंत मान का गृह जिला भी है। ऐसे में राहुल गांधी की यह रैली पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार के खिलाफ कांग्रेस के राजनीतिक अभियान के लिहाज से अहम मानी जा रही है।
