विधानसभा में गूंजा मल्हार की ताम्रपट्टिकाओं का मामला: PM मोदी के ‘मन की बात’ और विभागीय जवाब में अंतर पर उठे सवाल, विधायक ने पूछा- सही कौन? मंत्री बोले…
कांग्रेस विधायक राघवेंद्र सिंह ने पूछा- सही कौन? मंत्री राजेश अग्रवाल बोले- गलत जानकारी देने वाले पर होगी कार्रवाई
रायपुर, 16 जुलाई 2026। छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र में गुरुवार को मल्हार से प्राप्त बालार्जुन की ताम्रपट्टिकाओं की लिपि और भाषा को लेकर दिलचस्प बहस देखने को मिली। कांग्रेस विधायक राघवेंद्र सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम में दी गई जानकारी और राज्य सरकार के विभागीय जवाब में अंतर का मुद्दा उठाते हुए सरकार से स्पष्टीकरण मांगा।
प्रश्नकाल के दौरान राघवेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में ताम्रपट्टिकाओं की भाषा और लिपि के संबंध में जो जानकारी दी थी, वह विधानसभा में संस्कृति विभाग द्वारा दिए गए जवाब से अलग है। उन्होंने सरकार से पूछा कि दोनों में सही जानकारी कौन-सी है और यदि तथ्य अलग-अलग हैं, तो गलत जानकारी किसने दी।
इस पर संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि पूरे मामले की दोबारा जानकारी मंगवाकर जांच कराई जाएगी। उन्होंने आश्वस्त किया कि तथ्यों का सत्यापन करने के बाद स्थिति स्पष्ट की जाएगी।
इसके बाद राघवेंद्र सिंह ने सवाल किया कि यदि जांच में यह सामने आता है कि किसी अधिकारी ने गलत जानकारी दी है, तो क्या उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी?
इस पर मंत्री राजेश अग्रवाल ने स्पष्ट जवाब देते हुए कहा, “जिसने भी गलत जानकारी दी होगी, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।”
मामले को लेकर सदन में कुछ देर तक चर्चा होती रही। अब सभी की नजर सरकार की जांच रिपोर्ट पर रहेगी कि विभागीय जवाब और प्रधानमंत्री के बयान के बीच अंतर की वजह क्या है और यदि किसी स्तर पर तथ्यात्मक त्रुटि सामने आती है, तो उसके लिए किसके खिलाफ कार्रवाई की जाती है।

