Big Breaking : छत्तीसगढ़ के इन 6 शहरों में दिसंबर-जनवरी माह में पटाखे फोड़ने पर बैन….क्रिसमस और न्यू ईयर के सेलिब्रेशन के लिए सिर्फ आधे घंटे फोड़ पाएंगे पटाखे, जानिए क्या है आदेश
छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के 6 बड़े शहरों में दिसम्बर और जनवरी माह में पटाखे फोड़ने पर प्रतिबंध लगा दिया है, पटाखे जलाने से होने वाले वायु प्रदूषण को कम करने के लिए पर्यावरण विभाग ने राज्य के छह प्रमुख शहरों रायपुर, बिलासपुर, भिलाई, दुर्ग, रायगढ़ और कोरबा में दिसम्बर और जनवरी माह में पटाखे फोड़ने पर प्रतिबंध लगा दिया है, यह प्रतिबंध प्रतिवर्ष एक दिसम्बर से 31 जनवरी तक होगा | पिछले साल भी यह प्रतिबन्ध लागू किया गया था |
छत्तीसगढ़ वायु प्रदूषण अधिनियम 1981 के अन्तर्गत वायु प्रदूषण नियंत्रण क्षेत्र घोषित है, इसी के तहत पर्यावरण विभाग द्वारा वायु (प्रदूषण निवारण और नियंत्रण) अधिनियम 1981 की धारा 19 (5) में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह निर्णय लिया गया है | इस आदेश में क्रिसमस व नव वर्ष के अवसर पर रात्रि 11ः55 से 12ः30 बजे तक पटाखें फोडे जाने की अनुमति दी गई है ।
रिट पिटीशन (सिविल) क्रमांक 728/2015 अर्जुन गोपाल विरूद्ध यूनियन आॅफ इंडिया में पटाखो के उपयोग के संबंध में उच्चतम न्यायालय द्वारा महत्वपूर्ण दिशा निर्देश जारी करते हुए क्रिसमस व नव वर्ष के अवसर पर रात्रि 11ः55 से 12ः30 बजे तक पटाखें फोडे जाने की अनुमति दी गई है।
पर्यावरण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि पिछले दो वर्षों से किए जा रहे लगातार प्रयासों के फलस्वरूप रायपुर शहर के प्रदूषण के स्तर में काफी सुधार हुआ है और वायु की गुणवत्ता बेहतर हुई है |
अधिकारियों ने बताया कि रायपुर के सभी रोलिंग मिलों में ‘कन्टीन्यूस ऑनलाइन स्टेक मानीटरिंग सिस्टम’ लगाया गया है, इसके साथ ही सभी प्रमुख उद्योगों में भी ऑनलाइन मॉनीटरिंग सिस्टम लगाए गए हैं | पूरे रायपुर को ग्रिड में बांटकर मॉनीटरिंग की जा रही है, जिसके फलस्वरूप रायपुर का प्रदूषण का स्तर ‘गुड’ की श्रेणी में आ गया है, दीपावली पर भी प्रदूषण के स्तर में 22 प्रतिशत की कमी आई थी |









