मार्च की डेडलाइन, 100 पुलों का टारगेट… PWD सचिव ने साफ कहा- काम में देरी बर्दाश्त नहीं, टाइमलाइन टूटी तो अफसर और ठेकेदार दोनों नपेंगे

रायपुर, 1 अक्टूबर 2026। बारिश का सीजन खत्म होते ही छत्तीसगढ़ लोक निर्माण विभाग ने निर्माण कार्यों को रफ्तार देने की तैयारी तेज कर दी है। विभाग ने मार्च 2027 तक 100 पुलों का निर्माण पूरा कर उन्हें आवागमन के लिए खोलने का लक्ष्य तय किया है। निर्माण कार्यों में देरी रोकने के लिए अब फील्ड में कड़ी मॉनिटरिंग होगी और विभागीय सचिव खुद औचक निरीक्षण करेंगे। निर्धारित टाइमलाइन और गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं मिलने पर अधिकारियों और ठेकेदारों पर कार्रवाई की जाएगी।
लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने बुधवार को नवा रायपुर स्थित पीडब्ल्यूडी मुख्यालय ‘निर्माण भवन’ में सेतु परिक्षेत्र और राष्ट्रीय राजमार्ग परिक्षेत्र के अधिकारियों तथा ठेकेदारों की बैठक लेकर प्रदेशभर में चल रहे निर्माण और स्वीकृत कार्यों की समीक्षा की।
वर्किंग सीजन का एक दिन भी नहीं होगा बर्बाद
सचिव बंसल ने कहा कि बारिश समाप्त होने के बाद निर्माण के लिए अनुकूल समय शुरू हो गया है। ऐसे में वर्किंग सीजन का पूरा उपयोग करते हुए निर्माणाधीन कार्यों के साथ स्वीकृत नए प्रोजेक्ट भी तेजी से जमीन पर उतारे जाएं।
उन्होंने ठेकेदारों को कार्यस्थलों पर पर्याप्त मात्रा में निर्माण सामग्री, मशीनरी और मानव संसाधन उपलब्ध रखने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी स्तर पर संसाधनों की कमी के कारण काम की रफ्तार प्रभावित न हो।
100 पुलों पर फोकस
बैठक में पुलों के निर्माण की कार्यवार समीक्षा की गई। विभाग ने आगामी मार्च तक 100 पुलों को पूरा कर यातायात के लिए खोलने का लक्ष्य रखा है।
इसके लिए अधिकारियों को निर्माण की प्रगति पर लगातार नजर रखने और जहां भी प्रशासनिक अथवा तकनीकी अड़चन हो, उसका तत्काल समाधान कराने के निर्देश दिए गए।
फील्ड में अचानक पहुंचेंगे सचिव
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि निर्माण कार्यों की निगरानी केवल कागजों तक सीमित नहीं रहेगी। विभागीय सचिव ने कहा कि वे स्वयं अलग-अलग निर्माण स्थलों पर औचक निरीक्षण करेंगे।
कार्य निर्धारित समयसीमा में नहीं हुआ या गुणवत्ता मानकों में कमी मिली तो संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों की जिम्मेदारी तय कर कार्रवाई की जाएगी।
मार्च तक भौतिक और वित्तीय प्रगति पर जोर
सचिव ने वित्तीय वर्ष 2026-27 की समाप्ति तक निर्माण कार्यों में अच्छी भौतिक और वित्तीय प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य निर्धारित समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा करना विभाग की प्राथमिकता है।
काम पूरा होने के बाद दस्तावेजीकरण, जीएसटी, सेटलमेंट और तकनीकी प्रक्रियाएं भी तत्काल पूरी करने के निर्देश दिए गए, ताकि ठेकेदारों का अंतिम भुगतान कर संबंधित टेंडर को समय पर क्लोज किया जा सके।
राष्ट्रीय राजमार्गों के नए काम भी जल्द होंगे शुरू
राष्ट्रीय राजमार्गों के स्वीकृत नए कार्यों को शुरू करने के लिए भू-अर्जन, वन व्यपवर्तन, यूटिलिटी शिफ्टिंग और पेड़ों की कटाई जैसी प्रक्रियाओं को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए गए।
सचिव ने प्रशासकीय स्वीकृति प्राप्त कार्यों की निविदा प्रक्रिया और कार्यादेश की भी जानकारी ली। उन्होंने कार्यपालन अभियंताओं और अनुविभागीय अधिकारियों को वरिष्ठ अधिकारियों की अनुमति के बिना मुख्यालय नहीं छोड़ने के निर्देश दिए।
बैठक में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी, अपर सचिव एस.एन. श्रीवास्तव, सेतु परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता एस.के. कोरी, राष्ट्रीय राजमार्ग परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता ज्ञानेश्वर कश्यप सहित दोनों परिक्षेत्रों के अधीक्षण अभियंता और कार्यपालन अभियंता मौजूद रहे।
