छत्तीसगढ़ में जोर-शोर से जारी खरीफ सीजन की बोनी: अब तक 20 लाख हेक्टेयर से अधिक क्षेत्र में हुई बुवाई

रायपुर, 9 जुलाई। छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन के साथ खेती-किसानी ने रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश में अब तक 20.14 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में धान, मक्का, कोदो, कुटकी, रागी, अरहर, मूंग, मूंगफली, तिल और रामतिल समेत विभिन्न खरीफ फसलों की बोनी पूरी हो चुकी है। यह राज्य सरकार द्वारा तय किए गए 48.69 लाख हेक्टेयर लक्ष्य का लगभग 41 प्रतिशत है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने किसानों को समय पर खाद और प्रमाणित बीज उपलब्ध कराने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम के मार्गदर्शन में कृषि विभाग पूरे प्रदेश में खाद-बीज वितरण और बोनी की प्रगति पर लगातार निगरानी रख रहा है।
कृषि विभाग के अनुसार, 9 जुलाई 2026 तक प्रदेश में 248.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है, जबकि राज्य की औसत वार्षिक वर्षा 1246.3 मिमी है। अच्छी बारिश के चलते किसानों ने तेजी से खेतों में बुवाई शुरू कर दी है।
राज्य सरकार ने खरीफ 2026 के लिए 4.95 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज वितरण का लक्ष्य रखा है। इसके मुकाबले 4.56 लाख क्विंटल बीज का भंडारण किया गया, जिसमें से अब तक 3.62 लाख क्विंटल प्रमाणित बीज किसानों को वितरित किए जा चुके हैं। यह निर्धारित मांग का लगभग 71 प्रतिशत है।
इसी तरह खरीफ सीजन के लिए 15.55 लाख मीट्रिक टन उर्वरक वितरण का लक्ष्य तय किया गया है। लक्ष्य के मुकाबले 13.55 लाख मीट्रिक टन उर्वरकों का भंडारण सहकारी और निजी क्षेत्रों में किया गया है। इनमें से अब तक 7.78 लाख मीट्रिक टन उर्वरकों का किसानों को वितरण किया जा चुका है, जो कुल लक्ष्य का 57 प्रतिशत है।
कृषि विभाग ने अधिकारियों को खाद-बीज वितरण व्यवस्था में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही सभी सहकारी समितियों और वितरण केंद्रों में पर्याप्त मात्रा में खाद-बीज का भंडारण सुनिश्चित करने तथा पूरी व्यवस्था की सतत निगरानी करने को कहा गया है।
सरकार का कहना है कि पर्याप्त बारिश, समय पर खाद-बीज की उपलब्धता और प्रशासनिक निगरानी के चलते इस बार खरीफ सीजन में बुवाई का लक्ष्य समय पर पूरा होने की उम्मीद है।